रायपुर। छत्तीसगढ़ में कई गाड़ियां ऐसी हैं, जो बिना नंबर प्लेट के दौड़ती हैं, जिस पर पुलिस और ट्रैफिक पुलिस की नजर पड़ती है, तो कार्रवाई होती है, लेकिन इन सबके बीच जब कोई बड़े अफसर की लापरवाही सामने आए और कार्रवाई करने पर कुर्सी की धौंस दिखाए, तो आप इस पर क्या कहेंगे. इसी तरह दुर्ग की सड़कों पर एक अपर कलेक्टर मैडम की गाड़ी फर्राटे भर रही थी, जिसमें नंबर प्लेट नहीं था. पुलिस के जवानों ने रोका तो ड्रामा शुरू हो गया.
दरअसल, 3 अगस्त 2022 की रात रायपुर से आने वाली गाड़ियों की चेकिंग करने पॉइंट पर थाना अमलेश्वर के सामने निरीक्षक राजेंद्र यादव, उपनिरीक्षक विजय मिश्रा, उप निरीक्षक सीदार और अन्य दो स्टाफ चेकिंग ड्यूटी पर थे.
पुलिस ने महादेव घाट की ओर से एक सफेद रंग की कार जा रही थी, जिसे रोका गया और कहां जा रहे हैं पूछने पर घूमने जा रहे हैं, बाद में केक लाने जा रहे हैं कहा गया. गाड़ी में सामने अपर कलेक्टर लिखा था, जिसे कौन अधिकारी बैठे हैं. पूछे जाने पर नहीं बैठे हैं बताया गया. तब निरीक्षक राजेंद्र यादव ने कहा कि जब अधिकारी नहीं रहते तब इसे लाल पट्टी से ढक दिया करो, गाड़ी का दुरुपयोग मत करो, रात में मत घूमो, गाड़ी को वापस कराया गया.
इस बात पर अपर कलेक्टर अंबिकापुर तनुजा सलाम उनके भाई भांजे के साथ थाना आकर सभी स्टाफ शराब के नशे में हैं और बदतमीजी से बात कर गाली गलौज किए हैं का आरोप रात्रि गश्त टीम पर लगाया गया.
तनुजा सलाम मैडम ने नायब तहसीलदार पाटन डीकेश्वर साहू, नायब तहसीलदार आलोक वर्मा को उपस्थित स्टाफ का एमएलसी कराने डॉक्टर को बुलवाया गया, जिसमें सभी स्टाफ में अल्कोहल स्मैल निगेटिव पाया गया. इसके बाद मैडम ने हाई वोल्टेज ड्रामा शुरू कर दिया.
इस मामले में लल्लूराम डॉट कॉम से बातचीत में दुर्ग एसपी डॉक्टर अभिषेक पल्लव ने बताया कि कल रात दुर्ग–रायपुर बॉर्डर अम्लेश्वर के पास चेकिंग किया जा रहा था. इसी दौरान अपर कलेक्टर की गाड़ी को भी रोक कर पूछताछ की गई. सरकारी गाड़ी का इस्तेमाल निजी व्यक्ति के द्वारा किया जा रहा था, जिसको समझाया गया कि सरकारी गाड़ी का गलत इस्तेमाल कानूनन अपराध है.
एसपी पल्लव ने बताया कि अपर कलेक्टर भी देर रात थाने पहुंची थी. उन्होंने पुलिसकर्मियों पर शराब के नशे में बदतमीजी करने का आरोप लगाया था. हालांकि ड्यूटी में पदस्थ सभी पुलिसकर्मियों का मुलायजा कराया गया, जिसमे किसी भी पुलिसकर्मी ने शराब का सेवन नहीं किया था. इस मामले में अब अपर कलेक्टर के भाई के खिलाफ सरकारी वाहन के दुरुपयोग के तहत कार्रवाई की जाएगी.
इसके पहले भी कर चुकी हैं बवाल
बता दें कि इसके पहले भी अपर कलेक्टर मैडम एक प्रिसिंपल को गालियां देती नजर आईं थीं. बीच काउंसलिंग के दौरान प्रिसिंपल पर भड़क उठीं थी. इतना ही नहीं अफसरशाही के नशे में चूर अपनी मार्यदा ही लांघ दीं थीं, जिससे शिक्षाकर्मियों में आक्रोश का माहौल था. वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर जमकर निंदा की गई थी.
दरअसल, अपर कलेक्टर तनुजा सलाम के अमर्यादित बिगड़े बोल सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं. काउंसलिंग सभाकक्ष में स्कूल के प्रिंसिपल राफेल बैक को सार्वजनिक रूप से गालियां दी थी. कहा…@#@#@#@…लोग एक नाम को बार-बार रिपीट कर दिए हैं. काउंसलिंग सही नहीं हुआ तो मेरी जिम्मेदारी नहीं होगी, लिखकर दो नहीं तो मैं काउंसलिंग स्थगित करती हूं.


