मुर्शिदाबाद: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को मुर्शिदाबाद पहुंचकर हिंसा प्रभावित लोगों से मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने कहा कि वह बंगाल में दंगे नहीं शांति चाहती हैं. पीड़ितों से मुलाकात के दौरान सीएम ममता बनर्जी ने कहा कि वह वक्फ के बारे में कुछ भी बोलना नहीं चाहतीं. प्रदर्शनकारियों को उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर विरोध करना ही है तो दिल्ली चले जाइए. वह बंगाल में ऐसा नहीं होने देंगी. उन्होंने कहा कि भड़काने वालों की बात ना सुनें, दंगाई बाहर से लाए जाते हैं’
प्रदर्शनकारियों को ममता बनर्जी की चेतावनी
ममता बनर्जी ने कहा कि यहां कोई समस्या नहीं है. प्रदर्शनकारी जिद में यहां समस्याएं खड़ी न करें. अगर ऐसा किया जाएगा तो वह उन लोगों की सबसे बड़ी दुश्मन बन जाएंगी. उन्होंने कहा कि अगर कोई मुर्शिदाबाद के लोगों का हक छीनेगा तो उनकी सुरक्षा करना उनका कर्तव्य है. पीड़ितों को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने नारा लगाया- हम दंगे नहीं, शांति चाहते हैं. वहीं सोशल मीडिया पर बीजेपी ने मुर्शिदाबाद को लेकर जो भी आरोप लगाए उनको ममता बनर्जी ने फर्जी करार दिया.
मुर्शिदाबाद में दंगा पीड़ितों से मिलीं ममता दीदी
सीएम ममता बनर्जी ने मंगलवार को मुर्शिदाबाद जिले के दंगा प्रभावित इलाकों का दौरा कर पिछले महीने वहां हुईं सांप्रदायिक झड़पों में प्रभावित लोगों के परिवारों से मुलाकात की. जिले के अपने दौरे के दूसरे दिन बनर्जी हेलीकॉप्टर से शमशेरगंज पहुंचीं उन्होंने स्थानीय प्रखंड विकास कार्यालय में पीड़ित परिवारों के साथ बैठक की.
हिंसा के बाद ममता का पहला मुर्शिदाबाद दौरा
वक्फ संशोधन अधिनियम के खिलाफ प्रदर्शन के बीच शमशेरगंज, सुती और धुलियान सहित मुर्शिदाबाद के कुछ हिस्सों में हिंसा भड़कने के बाद मुख्यमंत्री पहली बार इस क्षेत्र के दौरे पर पहुंचीं. बता दें कि इन दंगों में तीन लोग मारे गए और कई अन्य घायल हो गए थे.
हिंसा भड़काने वाले पश्चिम बंगाल के दुश्मन
सीएम ममता बनर्जी ने हिंसा प्रभावित परिवारों को हरसंभव सरकारी सहायता का आश्वासन दिया और हिंसा भड़काने के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का वादा किया. मुख्यमंत्री के मुर्शिदाबाद दौरे को देखते हुए यहां भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी. उन्होंने सोमवार को कहा था कि जो लोग हिंसा भड़का रहे हैं, वे पश्चिम बंगाल के दुश्मन हैं.


