पंजाब में देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में चूक मामले के तकरीबन साढ़े 10 महीने बाद अब उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ की सुरक्षा में बढ़ी चूक सामने आई है। अपने परिवार के साथ अमृतसर दौरे पर पहुंचे जगदीप धनखड़ को बुधवार दुर्ग्याणा मंदिर में 15 मिनट का इंतजार करना पड़ा। जबकि वह पूरे समय पर मंदिर पहुंच गए थे।
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ बुधवार परिवार के साथ अमृतसर दौरे पर थे। 12:30 बजे वह परिवार के साथ गोल्डन टेंपल, 2 बजे जलियांवाला बाग और 2:40 बजे वह अपने काफिले के साथ दुर्ग्याणा मंदिर पहुंचे, लेकिन फिर भी उन्हें 15 मिनट दुर्ग्याणा मंदिर में इंतजार करना पड़ा।
दरअसल, नियमों अनुसार 2 बजे मंदिर के कपाट बंद कर दिए जाते हैं, यह नियम बुधवार भी लागू हुआ। जब 2:40 बजे जगदीप धनखड़ दुर्ग्याणा मंदिर पहुंचे तो मंदिर के कपाट बंद थे। जिसके बाद उन्हें वहां 15 मिनट इंतजार करना पड़ा। बाद में उनके लिए कपाट खोले गए।
दुर्ग्याणा मंदिर के कपाट नियमानुसार रोज 2 बजे बंद कर दिए जाते हैं। यह बात जिला प्रशासन को बेहतर पता थी। ऐसे में फिर भी उनका शेड्यूल 2:40 बजे निर्धारित किया गया। हैरानी की बात है कि इस बात पर ना तो जिला प्रशासन ने ध्यान दिया और ना ही उपराष्ट्रपति के सुरक्षा सलाहकारों ने। जिसके चलते उपराष्ट्रपति को 15 मिनटों तक दुर्ग्याणा में कपाट खुलने का इंतजार करना पड़ा।


