नई दिल्ली: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के विमान के साथ हुई हालिया दुर्घटना के बाद नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने सख्त रुख अख्तियार किया है। विमानन नियामक ने सुरक्षा मानकों में गंभीर चूक पाए जाने पर VSR वेंचर्स के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए उसके चार लियरजेट (Learjet) विमानों को तत्काल प्रभाव से ‘ग्राउंड’ (उड़ान पर रोक) कर दिया है।
ऑडिट में खुली सुरक्षा की पोल
अजित पवार के विमान हादसे के बाद DGCA ने कंपनी के बेड़े और मेंटेनेंस रिकॉर्ड का विस्तृत ऑडिट किया था। इस जांच में विमानों की ‘एयरवर्दीनेस’ (उड़ान योग्यता) और मेंटेनेंस प्रक्रियाओं में भारी अनियमितताएं और गंभीर खामियां पाई गईं। यात्रियों की सुरक्षा को ताक पर रखने और तकनीकी मानकों की अनदेखी के चलते DGCA ने इन विमानों को तब तक उड़ान भरने से रोक दिया है, जब तक कि सभी कमियां दूर नहीं हो जातीं।
रोहित पवार ने उठाए सवाल
इस मामले ने राजनीतिक मोड़ भी ले लिया है। NCP (शरद पवार गुट) के विधायक और अजित पवार के भतीजे रोहित पवार ने इस पूरी घटना और कंपनी के कामकाज को लेकर कई तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने सुरक्षा के साथ हुए खिलवाड़ को लेकर चिंता जताई और इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
प्रमुख बिंदु: DGCA की कार्रवाई
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कंपनी: VSR वेंचर्स (VSR Ventures).
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कार्रवाई: 4 लियरजेट विमानों की उड़ानों पर तत्काल रोक।
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कारण: मेंटेनेंस प्रक्रियाओं में भारी गड़बड़ी और सुरक्षा मानकों की अनदेखी।
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संदर्भ: महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार के विमान हादसे के बाद लिया गया फैसला।
उड्डयन क्षेत्र में हड़कंप
DGCA की इस कार्रवाई से चार्टर्ड विमान सेवा प्रदाताओं के बीच हड़कंप मच गया है। नियामक ने स्पष्ट कर दिया है कि वीआईपी मूवमेंट हो या सामान्य उड़ान, सुरक्षा मानकों (Safety Protocols) के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।


