कोरबा ।जिले में कलेक्टर के निर्देश को बड़े ही सधे तरीके से धोखा दिया करतला ब्लाक के ग्राम देवलापाठ में भी गुमराह करने की बात सामने आई है। पिछले दिनों मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देश उपरांत कलेक्टर श्रीमती रानू साहू ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह के निर्माण कार्य में खासकर सरकारी निर्माण में चोरी के सामग्रियों का बिल्कुल भी उपयोग न किया जाए। विभिन्न क्षेत्रों में हो रहे विशेष कर सड़क निर्माण के कार्य में चोरी के मिट्टी और मुरूम का अवैध तरीके से उपयोग किया जा रहा है। कहने को तो खनिज अमला इस पर कार्रवाई करता है लेकिन कार्रवाई का तौर तरीका यह बताने के लिए काफी है कि इसमें सिर्फ खानापूर्ति की जा रही है।निर्माण कार्य में लगी कंस्ट्रक्शन कंपनी के द्वारा यह कार्य किया जा रहा है। हालांकि उसने शासकीय तालाब का गहरीकरण से निकलने वाले मिट्टी ,मुरूम के परिवहन की अनुमति खनिज विभाग से प्राप्त कर ली है लेकिन यह अनुमति तो एक दिखावा है बल्कि इसकी आड़ में दूसरे स्थान से बड़े पैमाने पर मिट्टी और मुरूम खोदकर अवैधानिक रूप से निर्माण कार्य में लगाया जा रहा है। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि देवला पाठ के पहाड़ी रूपी लालमाटी टीला को खोदकर मुरूम और मिट्टी ले जाई जा रही है। गांव में स्थित 4 में से किसी तालाब गहरीकरण का कोई भी काम फिलहाल नहीं चल रहा है क्योंकि पानी भरा है। ऐसे में यह सवाल उठना जायज है कि जब तालाब का गहरीकरण नहीं हो रहा तो फिर आखिर किस मिट्टी और मुरूम का परिवहन किया जा रहा है?जा रहा है।


